इससे हो सकती है आपके वॉटर प्यूरीफायर की उम्र कम जानकर रह जाएंगे दंग!

वॉटर प्यूरीफायर के इस्तेमाल से बेशक पानी को शुद्ध करके पीने लायक बनाया जा सकता है क्योंकि यह दूषित पानी से अशुद्धियों और गंदगी को हटाकर उसे पूरी तरह से स्वच्छ बनता है। लेकिन एक सच यह भी कि लगातार सालों साल तक एक ही वॉटर प्यूरीफायर का इस्तेमाल करने से या ये कहें कि उसे अच्छी तरह मेंटेन न करने या फिर साफ़-सफाई को नजरअंदाज करने से कुछ परेशानियों से भी दो चार होना पड़ता है। अगर समय पर रहते इन समस्याओं से न निपटा गया तो आपके वॉटर प्यूरीफायर की उम्र घट सकती है।

२९ जुलाई २०१९

Don’t Compromise on Your Family’s Health - Signs That Your Water Filter Needs a Replacement
घर के अंदर

कैसे समझें कि आपका वॉटर प्यूरीफायर है डेंजर ज़ोन में और कैसे करें इसकी मरम्मत? आइए इन टिप्स से जानें।

वॉटर प्यूरीफायर की नियमित सफाई, मेंटेनेंस और सर्विसिंग से आप अपने वॉटर प्यूरीफायर की उम्र बढ़ा सकते हैं।

१) जब आने लगे आवाज़

वॉटर प्यूरीफायर में से आवाज़ें आना बहुत ही सामान्य बात है या ये कहें कि सबसे पहले इसी समस्या का सामना करना पड़ता है। अधिकांशत: ऐसा तब होता है जब आप कोई नया सिस्टम इंस्टॉल करते हैं या फिर फ़िल्टर कार्ट्रिज बदलते हैं, इससे हवा बाहर आती है नतीजतन एक तरह की आवाज आने लगती है। मगर इसमें घबराने वाली कोई बात नहीं, ये समस्या हफ्तेभर में खुद ब खुद ठीक हो जाती है।

प्रो टिप:

ध्यान रहे ट्यूब को हमेशा सीधा रखें, जब भी ऐसी आवाजें आएं ट्यूब को एक बार ज़रूर चेक कर लें।

२) जब रिसने लगे पानी

जब वॉटर प्यूरीफायर के टैप से टिप टिप पानी रिसने लगे यानी कि लीकेज होने लगे तो समझ जाएं कि सिस्टम की फिटिंग लूज है। शायद इसलिए लीकेज की समस्या हो रही है, ऐसे में पहले यह जानने की कोशिश करें कि असल में लीकेज हो कहां से रही है। कभी-कभार नीचे यानि टैप से भी पानी रिसता है। ऐसे में सारी फिटिंग्स को फिर एक बार खोलकर टाइट करें और ट्यूब को पहले वॉल्व, ड्रेन सैडल और फिर पोर्ट्स में सेट करें। इससे सारे पार्ट्स अच्छी तरह जुड़ जाएंगे और रिसाव भी बंद हो जाएगा।

३) जब आए बदबू या स्वाद में खराबी

पानी से बदबू आना या फिर पानी के स्वाद में बदलाव भी वॉटर प्यूरीफायर की खराबी का संकेत देते हैं, जिसका कारण फ़िल्टर या मेम्ब्रेन की खराबी हो सकती है। ऐसे में जो पार्ट जर्जर हो गए हैं या मेम्ब्रेन या झिल्ली की स्थिति ख़राब हो गयी है उसे बदल दें, ऐसा करने से पानी का स्वाद फिर से पहले जैसा हो जाएगा। इसी के साथ स्टोरेज वॉटर को भी समय-समय पर बदलते रहें तो इससे हवा का दवाब और बबल दोनों ही कम होंगे।

४) जब सिस्टम बिना रुके चल पड़े

अधिकांशत: ऐसी प्रॉब्लम तब होती है जब सिस्टम को बंद-चालू करने वाले वॉल्व को ठीक तरह से बंद ना किया गया हो या फिर वॉल्व टूट गया हो। मेम्ब्रेन को गलत तरीके से इंस्टॉल करने पर भी यह समस्या खड़ी हो सकती है। ऐसे में जानने की कोशिश करें कि इसकी असल वजह क्या है, अगर वॉल्व टूट गया है तो नया लगवाएं या पानी के लगातार बहाव को रोकने के लिए स्टोरेज सिस्टम के प्रेशर पर भी गौर करें, अधिक प्रेशर के चलते भी इस तरह की प्रॉब्लम हो सकती है। बता दें कि सामान्यत: प्रेशर ३५ से ४० पीएसआई होना चाहिए।

५) जब पानी का प्रवाह कम हो जाए

वॉटर स्टोरेज से सम्बंधित यह एक दूसरा कारण है, पानी की मात्रा कम होने से भी ऐसी स्थिति हो सकती है। ऐसे में जांच लें कि टंकी में कहीं वॉटर का प्रेशर कम तो नहीं है। अगर ऐसा नहीं है तो वॉटर प्रेशर वैल्यू को ६ से ८ पीएसई तक बढ़ाएं। कभी कभार टैंक के अंदर लगा ब्लेडर प्रेशर को झेल नहीं पाता तब भी ऐसा होता है, ऐसी स्थिति में पूरे टैंक को बदल दें, तभी आप इस समस्या से निजात पा सकते हैं।